348 ऋषि प्रसादः दिसंबर 2021

सांसारिक, आध्यात्मिक उन्नति, उत्तम स्वास्थ्य, साँस्कृतिक शिक्षा, मोक्ष के सोपान – ऋषि प्रसाद। हरि ओम्।

तब हमें पता चलेगा कि उत्तरायण कितना मूल्यवान पर्व है !


प्रकृति की हर गहरी चेष्टा तुम्हारे तन-मन से संबंध रखती है इसलिए उत्तरायण का दिन भी बहुत महत्त्वपूर्ण दिन है । इन दिन से सूर्य का रथ दक्षिण से मुड़कर उत्तर को चलता है । नैसर्गिक, पौराणिक, वातावरण और शरीर की रचनी दृष्टि से इस दिन का अपना गहरा मूल्य है । उत्तर की तरफ …

Read More ..

क्या है मूल समस्या व उसके समाधान में ‘तुलसी पूजन दिवस’ का योगदान


जो स्वरूप से ही मुक्त है उसे अज्ञान के शिकंजे में कसकर ग्रसने वाला कौन ? बुद्धि को तुच्छ बनाने वाला कौन ? विद्यार्थियों की तेजस्विता, समाज के सौहार्द, राष्ट्र के गौरव और विश्व के मंगल का विघातक कौन ? ऐसे सभी दहकते प्रश्नों के उत्तर में एकमात्र निराकरणीय समस्या है – ‘जड़ता की स्वीकृति …

Read More ..

जैसा दोगे वैसा ही पाओगे – पूज्य बापू जी


यह सारा जगत ध्वनि और प्रतिध्वनि से जुड़ा है । हमारी जैसी ध्वनि होती है वैसी प्रतिध्वनि आती है । तुमने देखा होगा कि किसी खाली मकान के करीब आप जैसी आवाज बोलते हो वहाँ से वैसी ही ध्वनि आती है । आप बोलोगेः ‘तू सज्जन है’ तो वहाँ से आयेगा कि ‘तू सज्जन है’, …

Read More ..