Gurubhaktiyog

योगी की अजब अनोखी आज्ञा(जरूर पढ़े )


गुरू के प्रति सच्चे भक्तिभाव की कसौटी, आंतरिक शांति और उनके आदेशों का पालन करने की तत्परता में निहित है । गुरुकृपा से जिनको विवेक और वैराग्य प्राप्त हुआ है, उनको धन्यवाद है । वे सर्वोत्तम शांति और सनातन सुख का भोग करेंगे । यह चबूतरे ठीक नहीं बने, इसलिए इनको गिराकर दोबारा बनाओ । …

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दूध नहीं अपमान के घुंट पीकर बड़े हुए थे वे योगी (भाग-२)


कल हमने सुना था कि महाराष्ट्र के प्रसिद्ध चार आत्मज्ञानी, ब्रम्हवेत्ता नन्हे भाई बहन श्री निवृत्तिनाथ, श्री ज्ञानदेव, श्री सोपान और मुक्ता बाई। बचपन में ही अनाथ हो गए थे और गांव आलंदी से बाहर निर्जन सिद्ध दीप मे रहते थे, श्री निवृत्तिनाथ आध्यात्मिक गुरु भी थे श्री ज्ञानेश्वर महाराज के। एक दिन उन्होंने माढ़े …

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दूध नही अपमान के घूंट पी कर बड़े हुए वे योगी (प्रेरक कथा) भाग- १


गुरुभक्ति योग जीवन के अनिष्टों का एक ही उपाय है, गुरुभक्ति योग के अभ्यास से सर्व सुखमय अविनाशी आत्मा को भीतर ही खोजो। गुरुभक्ति योग को जीवन का एकमात्र हेतु ध्येय एवं वास्तविक रस का विषय बनाओ। आप सर्वोच्च सुख प्राप्त करोगे। साधना पथ तो है ही युद्ध का पथ। युद्ध भी किसी अन्य से …

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