ऋषि प्रसाद

सांसारिक, आध्यात्मिक उन्नति, उत्तम स्वास्थ्य, साँस्कृतिक शिक्षा, मोक्ष के सोपान – ऋषि प्रसाद। हरि ओम्।

अहंदान से बढ़कर कोई दान नहीं – पूज्य बापू जी


बलि प्रतिपदा – 20 अक्तूबर 2017 भगवान से कुछ माँगो मत। माँगने से देने वाले की अपेक्षा तुम्हारी माँगने की वस्तु का महत्त्व बढ़ जाता है। ईश्वर और गुरु माँगी हुई चीजें दे भी देते हैं किंतु फिर अपना आपा नहीं दे पाते। बलि ने भगवान वामन से कह दियाः “प्रभु ! आप जो चाहें …

Read More ..

अपना उद्धार स्वयं ही करना होगा


आपके लिए दूसरा कोई साधन नहीं कर सकता। त्याग आपके स्वयं का धर्म है और सच्चिदानंद ब्रह्म आपके स्वयं का स्वरूप है। साधन, भजन, त्याग खुद को करना पड़ता है। आलसी, प्रमादी लोगों का यह रास्ता नहीं है। वेदांत का अध्ययन दूसरी वस्तु है और श्रवण दूसरी वस्तु है। प्रमाणगत संशय ( वेदांत शास्त्र का …

Read More ..

स्वास्थ्यवर्धक, हितकारी भोजन कैसा हो ?


हानिकारक रसायनों के सेवन से बचें ! कई खाद्य पदार्थों के निर्माण व उनकी सुरक्षा हेतु हानिकारक रसायनों का उपयोग किया जाता है। अतः सफेद चीनी, सफेद गुड़, वनस्पति घी, रिफाईंड तेल आदि से निर्मित भोजन तथा बाजार में मिलने वाले अधिकांशतः तैयार खाद्य पदार्थ जैसे – अचार, चटनियाँ, मुरब्बे, सॉस आदि का उपयोग स्वास्थ्यवर्धक …

Read More ..