ऋषि प्रसाद

सांसारिक, आध्यात्मिक उन्नति, उत्तम स्वास्थ्य, साँस्कृतिक शिक्षा, मोक्ष के सोपान – ऋषि प्रसाद। हरि ओम्।

ईश्वर की विचित्र सृष्टि


पूज्यपाद संत श्री आसारामजी बापू भगवान की यह दुनिया बड़ी विचित्र है। इसे समझ पाना वैज्ञानिकों के लिए भी बड़ा कठिन हो रहा है। फ्राँस के मोमिन्स नगर में एक बालक, जिसका वार्डिस, उसकी एक आँख भूरी है और दूसरी नीली। वैज्ञानिक भी आश्चर्यचकित हैं कि यह कैसे संभव हुआ ? 1829 में लंदन का …

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……..और दर्शनमात्र से पीड़ा हर ली


दिनांक 24-12-1996 को मेरी 11वीं पूनम निमित्त पूज्य श्री के दर्शन हेतु सूरत आश्रम में आया था। उस दिन पूरा दिवस ध्यान शिविर में व्यतीत हुआ किन्तु शाम 7 बजे से कमर के निचले हिस्से में असह्य पीड़ा होने लगी। करीबन 2 घंटे पीड़ा सहता रहा। मेरे सब साथी सूरत आश्रम द्वारा बनवाये गये निवासस्थान …

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शाश्वत स्थान की प्राप्ति


पूज्यपाद संत श्री आसारामजी बापू तमेव शरणं गच्छ सर्वभावेन भारत। तत्प्रसादात्परां शांतिं स्थानं प्राप्स्यसि शाश्वतम्।। ʹहे भारत ! तू सर्व भाव से उस परमेश्वर की ही शरण में जा। उसकी कृपा से तू परम शान्ति और शाश्वत स्थान प्राप्त करेगा।ʹ (भगवद् गीताः 18.62) देह शाश्वत नहीं है अर्थात् सदा रहने वाली नहीं है, देह से …

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